चीनी के दामों में भारी गिरावट
फुटकर में ऑल-टाइम रिकॉर्ड ₹70 किलो तक बिकने वाली का भाव घटकर ₹62 से ₹63 प्रति किलो पर
मिलों से निकलने वाली चीनी देश भर में लगभग 18-20% तक टूटकर ₹53 से ₹55 के आसपास
कानपुर:30 अगस्त 2026
कानपुर में जमाखोरों के खिलाफ प्रशासनिक कार्रवाई और केंद्र सरकार द्वारा 10 लाख टन कच्ची चीनी के शुल्क-मुक्त (duty-free) आयात को मंजूरी देने के बाद चीनी के दामों में भारी गिरावट आई है। पिछले दिनों कानपुर के फुटकर बाजार में ऑल-टाइम रिकॉर्ड ₹70 प्रति किलो तक बिकने वाली चीनी का भाव अब घटकर ₹62 से ₹63 प्रति किलो पर आ गया है।
कीमतों में बदलाव और सरकारी कदमों का विवरण नीचे दिया गया है:
कानपुर मंडी और बाजार में ताजा भावथोक बाजार (शकरपट्टी): थोक बाजार में चीनी का भाव ₹66 से कम होकर ₹59 प्रति किलो के स्तर पर आ चुका है।
फुटकर बाजार: खुदरा (रीटेल) ग्राहकों के लिए चीनी का दाम ₹69 - ₹70 से घटकर ₹62 - ₹63 प्रति किलो हो गया है।
मिल स्तर: मिलों से निकलने वाली चीनी के दाम देश भर में लगभग 18-20% तक टूटकर ₹53 से ₹55 प्रति किलो के आसपास आ गए हैं, जिसका असर स्थानीय बाजारों पर भी दिख रहा है।
चीनी के दाम अचानक गिरने के मुख्य कारण
सरकार ने त्योहारों के सीजन को देखते हुए बाजार में सप्लाई बढ़ाने और जमाखोरी रोकने के लिए Ministry of Consumer Affairs के माध्यम से कई सख्त कदम उठाए हैं:
प्रशासनिक छापेमारी: कानपुर जिला प्रशासन द्वारा स्थानीय जमाखोरों और सटोरियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई, जिससे अवैध रूप से स्टॉक की गई चीनी खुले बाजार में आई।
कच्ची चीनी का आयात: सरकार ने 31 अक्टूबर 2026 तक बिना किसी आयात शुल्क के 10 लाख टन कच्ची चीनी मंगाने का रास्ता साफ कर दिया है। इससे मिल मालिकों और बड़े व्यापारियों में दाम गिरने का डर बना और उन्होंने अपने स्टॉक बेचना शुरू कर दिया।
सख्त स्टॉक लिमिट: चीनी के बड़े डीलरों और सप्लायरों के लिए सख्त स्टॉक सीमा तय कर दी गई है।
फैक्ट्री रिलीज नियम: मिलों के लिए चीनी बेचने के 7 दिनों के भीतर उसे फैक्ट्री से बाहर निकालना अनिवार्य किया गया है ताकि तुरंत बाजार में आपूर्ति बढ़ाई जा सके।
x




0 Comments